मसूरी में पेयजल किल्लत को दूर करने के लिए जल संस्थान बना रहा है ये प्लान
मसूरी। मसूरी में एनजीटी के निर्देशों के बाद धोबी घाट झील में टैंकरों से पानी की सप्लाई बंद हो गई है।इससे मसूरी शहर में पेयजल आपूर्ति गड़बड़ा गई है। पानी की किल्लत होने लगी है।समस्या से निपटने के लिए मसूरी जल संस्थान ने अन्य प्राकृतिक स्रोत तलाशने शुरू कर दिए हैं।मसूरी जल संस्थान के अधिशासी अभियंता एल.सी. रमोला ने बताया कि क्यारकुली ग्राम,बांसघाट, बीटधार के पास प्राकृतिक स्रोतों को चिन्हित किया गया है।जिनके पानी को टेस्टिंग के लिए भेजा गया है। उन्होंने बताया है कि मसूरी जल संस्थान क्षेत्र की ग्राम पंचायतों से वार्ता कर मसूरी में टैंकरों के माध्यम से पेयजल की आपूर्ति किए जाने को लेकर कार्य योजना तैयार की जा रही है।जो कि जल्दी शुरू हो जाएगी ।
रमोला ने बताया मसूरी में 144 करोड़ रुपए की योजना से मसूरी यमुना पेयजल योजना का काम तेजी से किया जा रहा है ।उनको पूरी उम्मीद है कि मार्च अंत तक परियोजना का काम पूरा हो जाएगा। इसके बाद शहर में पेयजल की दिक्कत नहीं होगी। फिलहाल पेयजल की सुविधा उपलब्ध कराए जाने के लिए मसूरी के प्राकृतिक पानी के स्रोतों को चयनित किया गया है।जिसको लेकर मसूरी जल संस्थान के कार्यालय में सभी स्टेक होल्डर की बैठक बुलाई गई थी।

