मुख्यमंत्री धामी ने चम्पावत को दी ₹62.97 करोड़ की सौगात, 50 विकास योजनाओं का लोकार्पण-शिलान्यास
मुख्यमंत्री धामी ने चम्पावत को दी ₹62.97 करोड़ की सौगात, 50 विकास योजनाओं का लोकार्पण-शिलान्यास
चम्पावत। रक्षाबंधन के पावन अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रामलीला मैदान, धूरा चम्पावत में आयोजित ‘मुख्यमंत्री सशक्त बहना उत्सव-2026’ में प्रतिभाग किया। इस दौरान उन्होंने चम्पावत के सर्वांगीण विकास के लिए ₹62.97 करोड़ की 50 महत्वपूर्ण विकास योजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया।
मुख्यमंत्री ने क्षेत्र के विकास के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं भी कीं। इनमें धूरा में स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के स्थान पर पेयजल योजना, धूरा से सेतीचौड़-ब्याला तक संपर्क मोटर मार्ग, ककनई के तोक बूंगा दुर्गापीपल तक सड़क, भागिना भंडारी में मुख्य सड़क से राजकीय इंटर कॉलेज एवं राजकीय प्राथमिक विद्यालय दयारतोली तक सीसी मार्ग व इंटरलॉकिंग टाइल्स तथा धन और बस्तियागूंठ के विभिन्न मंदिरों का सौंदर्यीकरण शामिल है।
इसके अलावा विभिन्न क्षेत्रों में भूकटाव एवं बाढ़ सुरक्षा के लिए वायरक्रेट कार्य, पोथ के लदिया नदी पर झूला पुल, दियूरी-चौड़ा सड़क का सुधारीकरण एवं डामरीकरण, डांडा ककनई में सिंचाई नलकूप, सुखीढांग-डांडा-मीनार मोटर मार्ग पर हॉटमिक्स तथा बुडम के कठोल में झूला पुल का निर्माण किया जाएगा।
कुमाऊंनी में मातृशक्ति से किया संवाद
मुख्यमंत्री ने कुमाऊंनी भाषा में मातृशक्ति से संवाद करते हुए कहा कि वे अपनी बहनों, माताओं, बेटियों और भांजियों के बीच अपने घर आए हैं। उन्होंने मातृशक्ति से रक्षा सूत्र बंधवाकर सभी को रक्षाबंधन की शुभकामनाएं दीं।
उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड की पहचान केवल हिमालय और प्राकृतिक सौंदर्य से नहीं, बल्कि यहां की मेहनती, साहसी और आत्मनिर्भर मातृशक्ति से भी है। महिला सशक्तिकरण का अर्थ केवल सरकारी योजनाओं का लाभ देना नहीं, बल्कि महिलाओं को शिक्षित, स्वस्थ, सुरक्षित और आत्मनिर्भर बनाकर परिवार एवं समाज के निर्णयों में भागीदार बनाना है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा, शिक्षा, स्वास्थ्य और आर्थिक स्वावलंबन के लिए पूरी प्रतिबद्धता से कार्य कर रही है। सरकार का लक्ष्य है कि लखपति दीदी बनने के बाद प्रदेश की माताएं-बहनें आगे बढ़कर करोड़पति बनें। उन्होंने स्वयं सहायता समूहों द्वारा तैयार स्थानीय उत्पादों की सराहना करते हुए कहा कि इनके लिए बेहतर बाजार उपलब्ध कराने को सरकार लगातार प्रयासरत है।
उन्होंने कहा कि एक महिला के आत्मनिर्भर होने से पूरा परिवार आत्मनिर्भर होता है। परिवार से गांव, गांव से समाज और समाज के सशक्त होने से पूरा उत्तराखण्ड सशक्त एवं समृद्ध बनेगा।
कार्यक्रम के बाद मुख्यमंत्री ने विभिन्न विभागों के स्टॉलों का निरीक्षण किया। बाल विकास विभाग के स्टॉल में उन्होंने छोटी बच्चियों के साथ केक काटकर ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ का संदेश दिया।
कार्यक्रम में केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा, जिला पंचायत अध्यक्ष आनंद सिंह अधिकारी, भाजपा जिलाध्यक्ष गोविन्द सामन्त, जिला महामंत्री मुकेश कलखुड़िया सहित अन्य जनप्रतिनिधि, अधिकारी एवं गणमान्य लोग मौजूद रहे।
