दो से तीन माह से वेतन को तरसे अशासकीय जूनियर हाईस्कूलों के शिक्षक-कर्मचारी

0
IMG-20261031-WA0037

दो से तीन माह से वेतन को तरसे अशासकीय जूनियर हाईस्कूलों के शिक्षक-कर्मचारी

दीपावली से पहले भुगतान नहीं हुआ तो धनतेरस पर होगा धरना

अशासकीय माध्यमिक शिक्षक संघ ने 5 नवंबर तक वेतन बजट जारी करने का दिया अल्टीमेटम

6 नवंबर को शिक्षा निदेशालय पर प्रदर्शन की चेतावनी

देहरादून। उत्तराखंड के अशासकीय जूनियर हाईस्कूलों में कार्यरत शिक्षक और कर्मचारियों को पिछले दो से तीन माह से वेतन नहीं मिलने पर अशासकीय माध्यमिक शिक्षक संघ ने नाराजगी जताई है। दीपावली जैसे महत्वपूर्ण त्योहार से पहले भी वेतन भुगतान नहीं होने से शिक्षकों और कर्मचारियों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। इस मामले में संगठन ने शासन और शिक्षा विभाग से तत्काल वेतन बजट जारी करने की मांग की है। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि 5 नवंबर तक वेतन बजट जारी नहीं किया गया तो 6 नवंबर को धनतेरस के दिन शिक्षा निदेशालय पर धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।

अशासकीय माध्यमिक शिक्षक संघ उत्तराखंड के प्रतिनिधिमंडल ने शासन और शिक्षा निदेशालय में विभिन्न स्तरों पर अधिकारियों से मुलाकात कर इस मुद्दे को उठाया। संगठन के प्रांतीय अध्यक्ष अनिल नौटियाल और प्रांतीय महामंत्री महादेव मैठाणी ने बताया कि अशासकीय जूनियर हाईस्कूलों के वेतन के लिए बजट की मांग करीब एक माह पहले ही जनपदों से निदेशालय और शासन को भेज दी गई थी। इसके बावजूद अब तक बजट जारी नहीं हो पाया है। वेतन बजट से संबंधित पत्रावली फिलहाल सचिव शिक्षा के स्तर पर लंबित है।

संगठन पदाधिकारियों ने सचिव शिक्षा से मुलाकात कर वेतन बजट तत्काल जारी करने का अनुरोध किया। इसके साथ ही महानिदेशक शिक्षा को भी संगठन की ओर से पत्र सौंपकर जल्द बजट उपलब्ध कराने की मांग की गई है।

ग्लोबल बजट की सुविधा देने की भी मांग

संघ ने अशासकीय विद्यालयों को भी राजकीय विद्यालयों की तर्ज पर ग्लोबल बजट की सुविधा से आच्छादित करने की मांग उठाई है। पदाधिकारियों का कहना है कि यदि अशासकीय विद्यालयों को भी यह सुविधा मिल जाती है तो बार-बार वेतन बजट जारी कराने के लिए शासन और निदेशालय के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। इससे वेतन भुगतान की प्रक्रिया भी सुचारु हो सकेगी।

प्रांतीय अध्यक्ष अनिल नौटियाल और महामंत्री महादेव मैठाणी ने कहा कि त्योहार के समय भी शिक्षकों और कर्मचारियों को वेतन के लिए इंतजार करना पड़ रहा है, जो बेहद चिंताजनक है। उन्होंने स्पष्ट किया कि 5 नवंबर तक बजट जारी नहीं हुआ तो संगठन 6 नवंबर को धनतेरस के दिन शिक्षा निदेशालय में धरना-प्रदर्शन करने के लिए बाध्य होगा।

इस दौरान प्रतिनिधिमंडल में जिलाध्यक्ष देहरादून दिनेश डोबरियाल, जिला मंत्री महावीर सिंह मेहता, कोषाध्यक्ष गिरीश सेमवाल और अम्बिका गैरोला सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may have missed