मुख्यमंत्री धामी ने बाल विज्ञान महोत्सव में कीं तीन बड़ी घोषणाएं, सीमांत जनपदों में विज्ञान और नवाचार को मिलेगा बढ़ावा
मुख्यमंत्री धामी ने बाल विज्ञान महोत्सव में कीं तीन बड़ी घोषणाएं, सीमांत जनपदों में विज्ञान और नवाचार को मिलेगा बढ़ावा
बागेश्वर में पंचम सीमांत पर्वतीय जनपद बाल विज्ञान महोत्सव का शुभारंभ, शोध एवं नवाचार के लिए एक करोड़ रुपये देने की घोषणा
बागेश्वर। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बागेश्वर के मंडलसेरा स्थित विवेकानंद विद्या मंदिर इंटर कॉलेज में उत्तराखण्ड राज्य विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद (यूकॉस्ट) के तत्वावधान में आयोजित पंचम सीमांत पर्वतीय जनपद बाल विज्ञान महोत्सव का शुभारंभ किया। दो दिवसीय इस महोत्सव में प्रदेश के छह सीमांत पर्वतीय जनपदों चमोली, चंपावत, रुद्रप्रयाग, बागेश्वर, उत्तरकाशी और पिथौरागढ़ के 240 चयनित बाल वैज्ञानिक अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर रहे हैं।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने विज्ञान, शोध और नवाचार को बढ़ावा देने के लिए तीन महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। उन्होंने सीमांत जनपद विज्ञान महोत्सव एवं संबंधित कार्यक्रमों के लिए एक करोड़ रुपये देने की घोषणा की। साथ ही राज्य की STEM लैब्स को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) से जोड़ने और प्रदेश के सभी विकासखंडों में एक-एक लैब ऑन व्हील्स स्थापित करने की दिशा में कार्य करने की बात कही। इसके अतिरिक्त प्रदेश के सभी जनपदों में विज्ञान एवं नवाचार केंद्र स्थापित किए जाएंगे।
आधुनिक तकनीक से जुड़ेंगे विद्यार्थी
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज का दौर विज्ञान, तकनीक और नवाचार का है। विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीकों से जोड़ना समय की आवश्यकता है, ताकि वे भविष्य की चुनौतियों और नई संभावनाओं के लिए तैयार हो सकें। राज्य सरकार विद्यालयी शिक्षा में विज्ञान एवं तकनीक आधारित शिक्षण को प्रोत्साहित करने के साथ ही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, रोबोटिक्स और ड्रोन तकनीक को बढ़ावा देने के लिए काम कर रही है।
उन्होंने कहा कि सीमांत और पर्वतीय क्षेत्रों में आयोजित विज्ञान महोत्सव विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर प्रदान करते हैं। ऐसे आयोजन बच्चों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, रचनात्मकता, जिज्ञासा और समस्याओं के समाधान के लिए नए विचार विकसित करने में सहायक होते हैं।
बाल वैज्ञानिकों से किया संवाद
मुख्यमंत्री ने महोत्सव में प्रतिभाग कर रहे बाल वैज्ञानिकों से संवाद किया और उनकी जिज्ञासाओं का उत्तर दिया। उन्होंने विद्यार्थियों को खूब पढ़ने, नए विचारों पर काम करने और सवाल पूछने की प्रवृत्ति बनाए रखने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि आज के बाल वैज्ञानिक ही भविष्य में देश के प्रमुख वैज्ञानिक, इंजीनियर और शोधकर्ता बनेंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2047 तक विकसित भारत के संकल्प को साकार करने में युवा पीढ़ी की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। उन्होंने विद्यार्थियों से पूर्व राष्ट्रपति एवं महान वैज्ञानिक डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम के जीवन और आदर्शों से प्रेरणा लेकर विज्ञान एवं अनुसंधान के क्षेत्र में आगे बढ़ने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों की वैज्ञानिक सोच और नवाचार की क्षमता देश एवं प्रदेश के विकास को नई दिशा दे सकती है।
देहरादून में साइंस सिटी, चंपावत में साइंस सेंटर
मुख्यमंत्री ने विद्यालयी शिक्षा में आधुनिक तकनीक के समावेश पर जोर देते हुए रोबोटिक्स और ड्रोन तकनीक को शिक्षा से जोड़ने की बात कही। उन्होंने महिला विकास एवं विज्ञान विषय पर सम्मेलन आयोजित करने की भी बात कही। मुख्यमंत्री के अनुसार, विज्ञान एवं तकनीक का उपयोग सरकारी सेवाओं में पारदर्शिता बढ़ाने, नवाचार को प्रोत्साहित करने और स्मार्ट कृषि को आगे बढ़ाने में किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि देहरादून में साइंस सिटी और चंपावत में साइंस सेंटर विकसित किया जा रहा है। इन पहलों का उद्देश्य विद्यार्थियों और आमजन में विज्ञान के प्रति रुचि बढ़ाना तथा शोध एवं तकनीकी नवाचार के लिए बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है।
स्थानीय उत्पादों और स्वरोजगार पर भी जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार स्थानीय उत्पादों को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने के लिए हाउस ऑफ हिमालयाज ब्रांड के माध्यम से प्रयास कर रही है। इसके साथ ही कृषि, बागवानी, मत्स्य पालन, मौन पालन और होमस्टे जैसे क्षेत्रों में स्वरोजगार की संभावनाओं को बढ़ावा दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि पर्वतीय क्षेत्रों में स्थानीय संसाधनों और युवाओं की प्रतिभा का बेहतर उपयोग कर विकास के नए अवसर तैयार किए जा सकते हैं।
उत्कृष्ट कार्य करने वाले शिक्षक सम्मानित
महोत्सव के दौरान विज्ञान के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले शिक्षकों कविता हरकोटिया, दीप चंद जोशी, हरिमोहन ऐठाणी और ख्याली दत्त को पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में कपकोट विधायक सुरेश गड़िया, बागेश्वर विधायक पार्वती दास, दर्जा प्राप्त राज्यमंत्री शिव सिंह बिष्ट, भूपेश उपाध्याय, जिला पंचायत अध्यक्ष शोभा आर्या, भाजपा प्रदेश महामंत्री कुंदन सिंह परिहार, यूकॉस्ट के महानिदेशक प्रो. दुर्गेश पंत, जिलाधिकारी अपूर्वा पाण्डे, पुलिस अधीक्षक जितेंद्र मेहरा, मुख्य विकास अधिकारी नरेश कुमार और विद्यालय के प्रधानाचार्य अव्वल सिंह तोपाल सहित विभिन्न जनप्रतिनिधि, अधिकारी, शिक्षक एवं बाल वैज्ञानिक उपस्थित रहे।

